लखनऊ, जून 24 -- विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति की विशेषज्ञ समिति ने निजीकरण की प्रक्रिया पर अपनी रिपोर्ट संगठन को सौंप दी है। विशेषज्ञ समिति ने पांच बिंदुओं में निजीकरण की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए घोटाले की आशंका जताई है। संघर्ष समिति ने रिपोर्ट के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से पूरी प्रक्रिया की सीबीआई जांच की मांग की है। संघर्ष समिति के संयोजक शैलेंद्र दुबे ने कहा कि मार्च में ही विशेषज्ञ समिति बनाई गई थी। विशेषज्ञों ने भ्रष्टाचार के विरुद्ध लड़ने वाली बड़ी संस्था ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल इंडिया से भी इस बाबत विचार विमर्श किया। रिपोर्ट में पांच बिंदुओं में निजीकरण से भ्रष्टाचार की आशंका जताई गई है। संघर्ष समिति ने कहा कि बिजली कर्मचारी, किसान, उपभोक्ता, व्हिसिल ब्लोअर, सरकारी कर्मचारी, राष्ट्रीय ट्रेड यूनियन मिलकर निजीकरण के...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.