अमरोहा, जुलाई 7 -- क्षेत्र के ग्राम शेखुपुर झकड़ी में लालचंद महाराज द्वारा स्थापित स्वामी रामप्रसाद उदासीन समाधि ट्रस्ट के मुख्य प्रबंधक महामंडलेश्वर स्वामी कपिल मुनि महाराज द्वारा आयोजित गुरु पूर्णिमा महोत्सव एवं श्री राम कथा के पांचवें दिन बनारस के कथा व्यास पंडित छवि नाथ दुबे ने कथा का वाचन किया। बताया कि बनवास के लिए जाते समय श्री राम के मना करने पर भी सीता जी ने श्री राम के साथ जाकर समाज को संदेश दिया कि पत्नी का धर्म है कि संकट के समय पति का साथ देना चाहिए। पत्नी का सबसे बड़ा धर्म है पति की निष्काम भाव से सेवा करे। ऐसा करने से धर्म, अर्थ, काम एवं मोक्ष की प्राप्ति होती है। भरत का मोह प्रसंग सुनाते हुए कहा कि उनके जीवन में किसी तरह का लोभ मोह नहीं था। अपील करते हुए कहा कि भरत के चरित्र का अनुसरण कर परिवारों में सामंजस्य बनाया जा सकता...
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