गुमला, सितम्बर 24 -- गुमला संवाददाता। कृषि विज्ञान केंद्र गुमला और विकास भारती के संयुक्त प्रयास से मंगलवार को विशुनपुर में श्रीअन्न उत्पादन तकनीकी सह श्रीअन्न प्रसंस्करण इकाई का शुभारंभ किया गया। मौके पर जलवायु परिवर्तन अनुकूल कृषि पर राष्ट्रीय नवाचार परियोजना के तहत जिला स्तरीय सेमिनार का भी आयोजन किया गया। सेमिनार का विषय था जलवायु परिवर्तन के परिप्रेक्ष्य में श्रीअन्न का महत्व। कार्यक्रम की अध्यक्षता विकास भारती के सचिव पद्मश्री अशोक भगत ने की,जबकि बतौर मुख्य अतिथि के रूप में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद अटारी पटना जोन-4 के निदेशक डॉ.अंजनी कुमार सिंह ने संबोधन में उन्होंने कहा कि श्रीअन्न (मिलेट्स) जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने के लिए एक सशक्त विकल्प है। यह फसलें कम पानी और गरीब भूमि पर भी आसानी से उगाई जा सकती हैं। उन्होंने किसान...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.