लखनऊ, अगस्त 28 -- -धरोहरों, प्राचीन मुद्राएं, कलाकृतियां, पाण्डुलिपियों, प्रतिमाओं पर शोध कर सकेंगे -शोध करने वाले को संग्रहालय से जोड़कर युवा पीढ़ी का ज्ञानवर्धन की जिम्मेदारी लखनऊ। वरिष्ठ संवाददाता शोध करने वालों के लिए अच्छी खबर हैं। प्रदेश भर के शोधार्थियों को म्यूजियम से जोड़ा जाएगा। जहां प्राकृतिक इतिहास से लेकर पाषाण युग की वस्तुएं के अलावा धरोहरों, प्राचीन मुद्राएं, कलाकृतियों, पाण्डुलिपियों, प्रतिमाओं पर अध्ययन कर सके। ताकि शोधार्थियों के अध्ययन से युवा पीढ़ी का ज्ञानवर्धन हो सके। इसी मकसद से प्रदेश भर में शोध करने वालों को मंडल स्तर, जिला स्तर पर सूचीबद्ध करेंगे। इन्हें राज्य संग्रहालय से जोड़कर समय-समय पर भ्रमण कराया जाएगा। लखनऊ चिड़ियाघर परिसर में स्थित लखनऊ राज्य संग्रहालय की स्थापना 1863 में हुई थी। इस संग्रहालय में प्राकृति...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.