हाजीपुर, जनवरी 14 -- इंट्रो... दिसंबर के अंतिम सप्ताह से लेकर जनवरी तक जारी शीतलहर, घना कोहरा, पाला और अत्यधिक ओस ने रबी फसलों को गंभीर रूप से क्षति पहुंचाई है। खेतों में खड़ी सरसों, आलू, चना, मसूर, तंबाकू मटर और सब्जी की फसलों को क्षति हुई है। कई जगहों पर तो किसानों को पूरी फसल बर्बाद होने का डर सता रहा है। खेतों में पसरा सन्नाटा, किसानों की आंखों में चिंता झलक रही है। सुबह के समय जब किसान खेतों में पहुंचते हैं तो पत्तियों पर जमी बर्फ जैसी ओस की परत और झुलसी हुई फसलें उनका स्वागत करती हैं। पाले की मार से सरसों के फूल झड़ चुके हैं,आलू की पत्तियां काली पड़ गई हैं और सब्जियों की बढ़वार रुक गई है। कई किसानों ने बताया कि उन्होंने बीज, खाद, सिंचाई और मजदूरी पर हजारों रुपये खर्च किए थे, लेकिन अब लागत निकलना भी मुश्किल नजर आ रहा है। उन्होंने कहा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.