गोंडा, फरवरी 6 -- गोण्डा, संवाददाता। शहर के आईटीआई रोड पर आयोजित हो रही शिव महापुराण कथा के पांचवे दिन की कथा में आचार्य कौशिक महराज ने कहा कि शिव महापुराण कथा सुनने से कैलाश यात्रा का फल प्राप्त होता है। महाशिवपुराण के पावन कथा में भक्तों ने हर हर महादेव के जयकारों से वातावरण को भक्तिमय बना दिया। आचार्य कौशिश ने महाराज ने कहा कि बचपन में मां की परम आवश्यकता होती है, जवानी में महात्मा की आवश्यकता होती है उसी तरह बुढ़ापे में परमात्मा की परम आवश्यकता होती है। गुरु को परमेश्वर के रूप में माना जाता है। हमेशा गुरु का आदर सम्मान करना चाहिए किंतु यह भी ध्यान रखना चाहिए। कहा कि अगर कोई गुरु चरित्रहीन है तो हमें उसे त्याग देना चाहिए। चरित्रहीनता समाज के लिए घातक है। आचार्य कौशिक महाराज ने अपनी ओजस्वी वाणी से शिव तत्व की महिमा का वर्णन करते हुए बताय...