रांची, फरवरी 1 -- रांची, विशेष संवाददाता। केंद्रीय बजट को लेकर झारखंड के शिक्षाविदों में विशेष अपेक्षाएं हैं। शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने, विश्वविद्यालयों में रिक्त पदों को भरने, शोध और नवाचार को बढ़ावा देने और महिलाओं और युवाओं के आर्थिक सशक्तीकरण पर बजट से ठोस प्रावधानों की उम्मीद की जा रही है। शिक्षाविदों का मानना है कि शिक्षा में निवेश ही विकसित भारत के लक्ष्य को साकार कर सकता है। विश्वविद्यालयों में शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए नए पद सृजित हों और शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने हेतु आधुनिक उपकरणों के लिए पर्याप्त बजटीय ग्रांट मिले। आठवें वेतन आयोग में शिक्षकों व कर्मचारियों की बढ़ती महंगाई को ध्यान में रखा जाए। - प्रो मयंक रंजन, विभागाध्यक्ष, अंग्रेजी विभाग, केंद्रीय विवि झारखंड बजट महिलाओं के लिए आत्मनिर्भरता का दस्तावेज बने। इसमें क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.