पूर्णिया, जून 25 -- पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सदस्य इन्तेखाब आलम ने बिहार में शिक्षक स्थानांतरण प्रक्रिया को पूरी तरह से एकतरफा असंवेदनशील और शिक्षकों की जमीनी हकीकत से बेखबर करार दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने जिस तरह से शिक्षकों के ट्रांसफर में गृह पंचायत के मुद्दे को नजरअंदाज़ किया है वह न केवल शिक्षकों के अधिकारों की अवहेलना है बल्कि परिवार और समाज के प्रति उनके दायित्वों को भी नजरंदाज करने जैसा है। सबसे अधिक उपेक्षित अंतरजिला पुरुष शिक्षक हैं जो सालों से घर परिवार से सैकड़ों किलोमीटर दूर सेवा दे रहे हैं, लेकिन सरकार की ट्रांसफर नीति में उन्हें प्राथमिकता देने की बजाय उन्हीं ज़िलों में कार्यरत कुछ शिक्षकों को स्थानांतरित कर दिया गया जो पहले से ही अपने घर के पास तैनात थे। उन्होंने मुख्यमंत्री नीत...
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