नई दिल्ली, जनवरी 2 -- तीन महीने के बजाए, 3 से 6 साल लग रहे हैं उपभोक्ताओं को न्याय मिलने में प्रभात कुमार नई दिल्ली। वैध मेडिक्लेम होने के बाद भी इलाज खर्च नहीं देने के मामले में दिल्ली की जिला उपभोक्ता अदालत ने 6 साल बाद पीड़ित उपभोक्ता सहदेव राणा के हक में फैसला दिया। जबकि उपभोक्ता संरक्षण कानून के तहत महज 90 दिन (तीन माह)में राणा की शिकायत का निपटारा हो जाना चाहिए था। यह हाल देशभर की उपभोक्ता अदालतों में करीब 5 लाख से अधिक लोगों की शिकायत का भी है। उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम 2019 की धारा 38 की उपधारा 7 के तहत यह प्रावधान किया गया कि उपभोक्ता की शिकायत का निपटारा जल्द से जल्द किया जाएगा। साथ ही कहा गया कि हर उपभोक्ता अदालत द्वारा प्रयास किया जाएगा कि मामले में प्रतिवादी पक्ष को नोटिस मिलने की तारीख से तीन माह के भीतर निपटारा कर दिया जाए। ...