बगहा, जून 28 -- बेतिया शहर का दायरा बढ़ने के साथ ही यहां हरियाली सिमटती जा रही है। हाल के दशकों में शहरीकरण के साथ पेड़ों की अंधाधुंध कटाई ने शहर को कंक्रीट के जंगल में तब्दील कर दिया है। कुछ वर्षों पहले तक यहां गर्मी के दिनों में भी एसी-कूलर की जरूरत नहीं पड़ती थी लेकिन अब आधे से अधिक घरों में एसी लग गए हैं। पर्यावरण से जुड़े लोगों को कहना है कि व्यवस्थित टाउन प्लानिंग नहीं होने से शहर इस मुहाने पर पहुंच गया है। इनका कहना है कि बेतिया व उसके चारों ओर 30 फीसदी से अधिक हरियाली रहनी चाहिए ताकि वातावरण की शुद्धता आवासन क्षेत्र में बेहतर रहे। फिलहाल यह करीब 18 फीसदी है। शहर के राजकुमार सिंह, वीरेंद्र प्रसाद, वृजेश शर्मा, युनूस अंसारी, अरुण पासवान, रवि रंजन कुमार, ओमनाथ सिंह, राजेंद्र सिंह, सुखाड़ी साह, विकास कुमार आदि का कहना है कि जिस तेजी स...
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