नई दिल्ली, दिसम्बर 16 -- पाकिस्तान के लिए 16 दिसंबर 1971 का दिन बेहद शर्मनाक दिन होता है। इसी दिन पाकिस्तान की सेना ने भारतीय सेना के आगे घुटने टेक दिए थे और फिर आजाद बांग्लादेश का जन्म हुआ था। बांग्लादेश में मुक्ति संग्राम के लिए जब शेख मुजीबुर्रहमान ने भारत की मदद मांगी तो भारत ने 4 दिसंबर 1971 को पाकिस्तान के खिलाफ युद्ध का ऐलान कर दिया। 13 के युद्ध में ही पाकिस्तान के पसीने छूट गए और जनरल नियाजी ने करीब 82 हजार सैनिकों के साथ आत्मसमर्पण कर दिया। पाकिस्तान की यह केवल रक्षक्षेत्र में हुई हार नहीं थी बल्कि इससे पाकिस्तानी सरकार की भी पोल पट्टी खुल गई। एक जांच रिपोर्ट में बाद में कहा गया कि पाकिस्तान की सरकार शराब, शबाब और अय्याशी में डूबकर सड़ चुकी थी।जनरल रानी संग पार्टी कर रहा था याह्या खान जब जनरल नियाजी अपने आधे देश को छोड़ने और आत्म...
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