लखनऊ, फरवरी 1 -- शब-ए-बारात के संबंध में इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया, ईदगाह, लखनऊ में इस्लामिक सेंटर, ईदगाह कमेटी और लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट के जिम्मेदारों की महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक में इस्लामिक सेंटर ऑफ इंडिया के चेयरमैन मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने कहा कि शब-ए-बारात नूरानी और इबादत वाली रात है। इस रात खालिक-ए-काइनात अपने बंदों और बंदियों की रोजी, उम्र, सेहत और जिंदगी का फैसला फरमाता है। इस मुबारक रात में बंदे अपने खुदा-ए-रहमान व रहीम से अपने गुनाहों की माफी मांगते हैं और तौबा करते हैं। मौलाना ने कहा कि 15वीं शब यानी तीन फरवरी को नफ्ल नमाजें पढ़ना और अगले दिन यानी चार फरवरी को रोजा रखना चाहिए। मौलाना ने इस मुबारक रात के लिए अपनी एडवाइजरी में कहा कि जो लोग अपने मरहूम रिश्तेदारों के ईसाले सवाब के लिए कब्रिस्तान जाएं, वे वहां पार्किंग के लिए...