नई दिल्ली, जून 5 -- नई दिल्ली। अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) की गीता गोपीनाथ ने कहा कि व्यापार युद्ध से उत्पन्न आघात उभरते बाजारों में केंद्रीय बैंकों के लिए अलग-अलग असर डालता है, जबकि कोविड महामारी के विपरीत, वे मौद्रिक नीति को तुरंत आसान बना सकते थे। आईएमएफ की प्रथम उप प्रबंध निदेशक ने कहा कि विकासशील अर्थव्यवस्थाओं और वैश्विक बाजारों पर टैरिफ के अप्रत्याशित प्रभाव से उनके केंद्रीय बैंकरों का काम और कठिन हो जाएगा। उन्होंने कहा, इस बार महामारी की तुलना में उनके लिए चुनौती अधिक बड़ी होने जा रही है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.