रिषिकेष, सितम्बर 19 -- सुभाष बनखंडी श्री रामलीला कमेटी के मंचन पर गुरुवार देर रात रावण वेदवती संवाद का मंचन हुआ। इस दौरान भगवान विष्णु की भक्त वेदवती की तपस्या को रावण ने भंग करने का प्रयास किया। वेदवती ने रावण के इस कृत्य को सहन नहीं किया और उन्हें श्राप दिया कि अगले जन्म में वह स्वयं रावण की मृत्यु का कारण बनेगी। यह वेदवती के अगले जन्म, यानी सीता के रूप में रावण के विनाश की नींव रखता है। रामलीला का शुभारंभ महंत लोकेश दास और महंत रामेश्वर गिरी ने संयुक्त रूप से किया। कमेटी के अध्यक्ष हरिराम अरोड़ा और महामंत्री योगेश कालरा ने कहा कि रामलीला कमेटी 70 सालों से स्थापित है तथा इस वर्ष अपना 65 वां रामलीला रंगमंच कर रही है। इन 65 वर्षों में रामलीला कमेटी के अनेक कलाकार संस्थापक एवं पदाधिकारी दिवंगत हो चुके हैं। इस बार यह रामलीला उन सभी दिवंगत प...
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