नई दिल्ली, फरवरी 22 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। उर्वरक कंपनियों और फर्टिलाइजर एसोसिएशन ऑफ इंडिया (एफएआई) ने उत्तर प्रदेश सरकार से गैर-सब्सिडी विशेष उर्वरकों की बिक्री पर लगी रोक हटाने की मांग रखी है। कंपनियों का कहना है कि इस फैसले का असर केवल कंपनियों तक सीमित नहीं, बल्कि खेती की उत्पादकता और मिट्टी के स्वास्थ्य पर भी पड़ सकता है। इसलिए सरकार अपने फैसले पर पुनर्विचार करे। कंपनियों की तरफ से कहा गया है कि वह तय मानकों पर गैर-सब्सिडी उर्वरकों (जिंक, सल्फर व अन्य) उत्पादों का उत्पादन एवं वितरण कर रही हैं और उनके द्वारा गैर सब्सिडी वाले उत्पादों की बिक्री के लिए कोई दबाव नहीं बनाया जा रहा है। कंपनियों का तर्क है कि मौजूदा समय में उर्वरक उद्योग के अंदर निजी, सरकारी और सहकारी कंपनियां काम करती हैं, लेकिन नीति विशेषज्ञों के अनुसार यह क्षेत्र...