चंदौली, अक्टूबर 27 -- शहाबगंज, हिन्दुस्तान संवाद। विकास खण्ड के अमांव गांव स्थित कर्मनाशा नदी के तट पर बाबा मुरलीधर खेल मैदान में नौ दिवसीय संगीतमय राम कथा के छठवें दिन सोमवार को श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम देखने को मिला। कथा व्यास श्रीधाम वृंदावन से पधारी साध्वी पूर्णिमा त्रिपाठी ने भगवान श्रीराम और माता सीता के पावन विवाह प्रसंग की मनोहारी कथा सुनाई। उन्होंने अपने मधुर वचनों और संगीतमय शैली से उपस्थित श्रद्धालुओं को अयोध्या और मिथिला की पावन भूमि का सजीव चित्रण कर भक्ति रस में सराबोर कर दिया। कथा व्यास ने कहा कि जनकपुर में धनुष यज्ञ के दौरान जब भगवान श्रीराम ने शिव धनुष उठाकर भंग किया। तभी से जनक जी को ज्ञात हो गया कि यही साक्षात् विष्णु अवतार हैं। और यही उनकी पुत्री सीता के योग्य वर हैं। इसके बाद भगवान राम और माता सीता का भव्य विवा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.