लखनऊ, अक्टूबर 11 -- लखनऊ, विशेष संवाददाता केंद्र सरकार द्वारा जारी किए गए विद्युत संशोधन बिल के प्रारूप पर विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति आपत्ति दर्ज कराएगी। इस संबंध में संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने किसान संगठनों से शनिवार को बात की और उनसे इसपर चर्चा की। संघर्ष समिति के संयोजक शैलेंद्र दुबे ने बताया कि संयुक्त किसान मोर्चा के राष्ट्रीय पदाधिकारियों डा. दर्शन पाल और हन्नान मूला से बातचीत की गई। इस प्रारूप में काफी खामियां हैं। इससे उपभोक्ताओं और किसानों का नुकसान है। प्रारूप पर व्यापक विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इसके लिए रणनीति पर बातचीत शुरू हुई है। अभी केंद्रीय मंत्रालय ने आपत्तियां और सुझाव दर्ज करवाने के लिए 30 दिन का समय दिया है। सरकारी बिजली कंपनियों के इंफ्रास्ट्रक्चर का निजी कंपनियों द्वारा इस्तेमाल किया जाना जनहित में न...
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