शामली, नवम्बर 27 -- पूर्वांचल व दक्षिणांचल डिस्कॉम के निजीकरण के विरोध में चल रहा विद्युत कर्मचारियों का आंदोलन गुरूवार को एक वर्ष पूरा हो गया। इसी कड़ी में विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले जनपद शामली के विभिन्न संगठनों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर विरोध सभा का आयोजन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि विद्युत निगम का निजीकरण उपभोक्ताओं और कर्मचारियों दोनों के लिए हानिकारक है। निजीकरण के बाद विद्युत दरों में वृद्धि और रोजगार संकट बढ़ने की आशंका जताई गई। कर्मियों ने सरकार से निजीकरण नीति पर तुरंत रोक लगाने की मांग दोहराई। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि मांगें पूरी न होने पर आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा। सभा में बड़ी संख्या में कर्मचारियों ने भाग लेकर आंदोलन के प्रति समर्थन जताया। सभा में इंजीनियर संघ से विक्रम सिंह, उपखंड अध...