मधुबनी, दिसम्बर 15 -- मधुबनी। विकास ऐसा हो जो विनाश से लोगों को बचायें। आपदारोधी एवं पर्यावरण के अनुकूल समाज निर्माण को कृतसंकल्पित तथा विज्ञान एवं तकनीक के विभिन्न पहलुओं को समाज के अन्तिम पंक्ति के लोगों तक पहुंचाने को कटिबद्ध पथ निर्माण विभाग , बिहार के अधीक्षण अभियंता ,बिहार अभियन्त्रण सेवा संघ के पूर्व महासचिव एवं इण्डियन इन्जीनियर्स फेडरेशन (पूर्व) के पूर्व उपाध्यक्ष व खिरहर गांव निवासी डा सुनील कुमार चौधरी ने तारामंडल आडिटोरियम, इन्दिरा गांधी साइन्स परिसर, पटना में आयोजित प्रथम सस्टेनेबिलिटी कन्भेन्शन में शोध पत्र प्रस्तुत करते हुए कहा कि विकास ऐसा हो जो विनाश से बचायें, विकास ऐसा हो जो पर्यावरण को बचायें। उनके शोध पत्र का विषय था सस्टनेबल बिल्ट इन्वायरनमेंट -पर्सपेक्टिव औन ह्यूमन सेंट्रिक एप्रोच। डा चौधरी ने मानव केंद्रित दृष्टिको...