छपरा, मई 12 -- गड़खा, एक संवाददाता। दिन सोमवार। स्थान - सारण जिले के गड़खा प्रखंड का नारायणपुर गांव। दिन के दो बजे अपने गांव के लाल शहीद इम्तियाज का पार्थिव शरीर पहुंचते ही पूरा इलाका वंदे मातरम की जयघोष से गूंज उठा। हर कोई इम्तियाज की शहादत को नमन कर रहा था। गांव वाले अपने वीर सपूत को सलाम कर रहे थे। सभी के चेहरे पर गर्व व गम का भाव था तो आंखों से आंसू छलक रहे थे। इम्तियाज की बेवा शहनाज अजीम बेसुध थी। बच्चों व भाइयों का रो-रोकर बुरा हाल था। सेना की विशेष गाड़ी से बीएसएफ के सब इंस्पेक्टर शहीद इम्तियाज का पार्थिव शरीर जब पहुंचा तो उनकी पत्नी शहनाज अजीम शव से लिपट पड़ीं। इधर गांव में जुटा युवाओं का हुजूम अपने लाल की शहादत पर भारत माता की जय के नारे लगा रहा था। अपने मिट्टी के लाल भारत मां के वीर सपूत बीएसएफ के सब इंस्पेक्टर शहीद इम्तियाज के ...
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