मुजफ्फरपुर, जून 5 -- मुजफ्फरपुर, मुख्य संवाददाता। लोहिया स्वच्छ मिशन अभियान के तहत खुले में शौच मुक्त करने के लिए सामुदायिक परिसंपत्तियों का निर्माण कराया गया था। यह क्रियाशील है या नहीं, इसकी जांच कराई जाएगी। 80 पदाधिकारियों को जिले की विभिन्न पंचायतों में जांच की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उप विकास आयुक्त सह उपाध्यक्ष जिला जल एवं स्वच्छता समिति ने सभी पदाधिकारियों को भौतिक रूप से इन परिसंपत्तियों की जांच कर रिपोर्ट देने को कहा है, ताकि इनकी वास्तविक स्थिति का पता चल सके। उन्होंने बताया कि सामुदायिक परिसंपत्तियों की जांच आवश्यक है। इसके तहत ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन गांव को ओडीएफ बनाने के लिए सामुदायिक स्वच्छता परिसर, ई-रिक्शा, अपशिष्ट प्रसंस्करण इकाई (डब्ल्यूपीयू), सामुदायिक सोख्ता, प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन केंद्र (पीडब्ल्यूएमयू), गोवर्...
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