रिषिकेष, जनवरी 30 -- शुक्रवार को जौलीग्रांट स्थित हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में त्वचा रोग विभाग की ओर से कार्यक्रम आयोजित किया गया। विभागाध्यक्ष डॉ. रश्मि जिंदल ने लोगों को कुष्ठ रोग के लक्षण और उपचार के बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कुष्ठ रोग एक माइकोबैक्टीरियम कीटाणु से होता है, इसके शुरुआती लक्षण त्वचा में सफेद और लाल रंग के धब्बे बन जाना, हाथ पैरों में सुन्नपन के साथ कमजोरी महसूस होना है। ऐसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। अगर सही समय पर बीमारी की पहचान कर उपचार करा दिया जाए, तो यह बीमारी पूरी तरह ठीक हो सकती है। यह एक भ्रांति है कि कुष्ठ रोग छुआछूत से फैलता है। यह बीमारी छूआछूत की बीमारी नहीं है। इस बीमारी का इलाज सरकार की तरफ से पूरी तरह निशुल्क है। इस दौरान एमबीबीएस के छात्र-छात्राओं ने पोस्टर प्रदर्शनी का ...