हल्द्वानी, दिसम्बर 24 -- हल्द्वानी, कार्यालय संवाददाता। मुखानी के बच्चीनगर में देवकी देवी ने एक साथ दो बेटों को खो दिया। वह इससे बिल्कुल अनजान रहीं। मां के चेहरे के हाव-भाव सामान्य दिनों जैसे रहे। यहां तक कि घर के भीतर से दोनों भाइयों की लाशें उठाकर लोग बाहर की ओर लाए तो देवकी देवी कहने लगीं, इन्हें मत उठाओ। ये उठेंगे तो फिर लड़ मरेंगे। मनोज और सुनील के पिता की कई साल पहले मौत हो चुकी थी। उसके बाद मां भी बीमार रहने लगी और कुछ ही साल में मानसिक रूप से अस्वस्थ हो गईं। वह न तो किसी बाहर वाले से बात करती हैं न ही अपने बेटों से बोलती थीं। मंगलवार को भी वह घटना के बाद एक प्लॉट के किनारे जाकर बैठ गईं। जब लोग पोस्टमार्टम के लिए लाश लेकर जाने लगे तो बोलीं, उन्हें मत उठाओ। उठ जाएंगे तो फिर लड़ मरेंगे। मां की तरफ से उसके दोनों बेटे नींद में थे। परमि...
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