पलामू, फरवरी 6 -- मेदिनीनगर, प्रतिनिधि। पलामू जिले में संचालित 2564 स्कूलों में 44 में छात्राओं के लिए शौचालय नहीं होने से शर्मिंदगी महसूस होती है। शौचालय के अभाव में छात्राएं मानसिक रूप से परेशानी हो जाती हैं। वहीं जिन स्कूलों में शौचालय है भी तो अधिकांश शौचालय नन फंक्शनल हो गया है। बहुत सारे शौचालय जीणशीर्ण अवस्था में है। किसी का फर्स टूट गया तो किसी का सिट भी उखड़ गया है। उपर से कई शौचालयों में दरवाजा भी टूटे पड़े हुए हैं। वहीं शौचालय नियमित सफाई के कारण गंदे पड़े हुए हैं। स्कूली छात्राओं ने स्कूल को चाहिए टॉयलेट संवाद में कहा कि शौचालयों में रनिंग वाटर की सुविधा आज तक बहाल नहीं करायी गई है। मुश्किल दिनों में यदि स्कूल आती भी हैं तो उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। शौचालय की नियमित सफाई के लिए स्वीपर की व्यवस्था होनी चाहि...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.