सहारनपुर, जनवरी 29 -- जमीयत उलमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना महमूद मदनी ने किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज (केजीएमयू) लखनऊ परिसर से सटे हजरत हाजी हरमैन शाह के दरगाह में की गई तोड़फोड़ और हजरत मखदूम शाह मीना के 500 वर्ष से अधिक पुरानी मजारों के ध्वस्तीकरण के नोटिसों पर गहरी चिंता जताई है। मदनी ने कॉलेज प्रशासन से नोटिसों को वापस लेने की मांग की है। मौलाना महमूद मदनी ने मीडिया में जारी बयान में कहा कि किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज से सटे यह मजार कई सौ वर्ष से भी अधिक पुरानी हैं, जबकि कॉलेज की स्थापना वर्ष 1912 में हुई थी। ऐसी स्थिति में मीडिया के माध्यम से यह कहना कि कॉलेज परिसर में दरगाहों-मजारों का क्या काम झूठ और भ्रम फैलाने वाला है। मौलाना मदनी ने कहा कि कॉलेज की स्थापना के समय में ही राजस्व विभाग ने दरगाह की भूमि को कॉलेज परिसर से अलग सीमांकन के माध्यम स...