पूर्णिया, जनवरी 28 -- पूर्णिया, हिन्दुस्तान संवाददाता। रोजगारपरक शिक्षा के बलबूत ही भावी पीढ़ी को ज्ञानार्जन के बाद रोजगार मिलेगा। वर्तमान समय में पाठ्यक्रम में नवाचार और प्रौद्यगिकी को अधिक से अधिक शामिल करने की जरुरत है। उक्त बातें पूर्णिया विश्वविद्यालय के नवनियुक्त कुलपति प्रो विवेकानंद सिंह ने गणतंत्र दिवस पर पूर्णिया विश्वविद्यालय के कैम्पस में झंडोत्तोलन के पश्चात अपने संबोधन कही। इस अवसर पर कुलपति ने अपने संबोधन में रोजगारपरक शिक्षा पर बल देते हुए छात्र-छात्राओं के समक्ष विश्वविद्यालय के आधारभूत संरचना के विकास हेतु अपनी कार्य योजना प्रस्तुत की। कुलपति ने कहा कि हमारा संविधान 26 जनवरी 1950 को लागू हुआ। इस संविधान में हम सबों को स्वतंत्रता, समानता एवं न्याय का अधिकार मिलता है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय मुख्य रूप से छात्र-छात्रा...
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