सोनभद्र, दिसम्बर 15 -- अनपरा, संवाददाता। बिजली कर्मचारी-इंजीनियर अब केंद्रीय ट्रेड यूनियनों और संयुक्त किसान मोर्चा संग मिलकर निजीकरण एवं विद्युत (संशोधन) बिल के खिलाफ संयुक्त आंदोलन शुरू करेंगे। बिजली कर्मचारियों एवं इंजीनियर्स की राष्ट्रीय समन्वय समिति की केंद्रीय ट्रेड यूनियनों के संयुक्त मंच तथा संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) के राष्ट्रीय नेतृत्व संग 14 दिसंबर को दिल्ली में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया है।ऑल इंडिया पॉवर इंजीनियर्स फेडरेशन के चेयरमैन व विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्घ समिति के संयोजक शैलेन्द्र दुबे ने बताया कि बैठक में मुख्य फोकस बिजली के निजीकरण, प्रीपेड स्मार्ट मीटरिंग तथा ड्राफ्ट विद्युत (संशोधन) बिल, 2025 पर केंद्रित रहा। पूर्वांचल एवं दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के निजीकरण के एक साल से चल रहे प्रयासों प...