नई दिल्ली, नवम्बर 27 -- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच 5 दिसंबर बेहद अहम द्विपक्षीय सम्मेलन होने वाला है। इसमें भारत अपनी वायु रक्षा क्षमताओं को मजबूत करने के लिए पांच अतिरिक्त एस-400 ट्रायम्फ एयर डिफेंस सिस्टम स्क्वाड्रन की मांग कर सकता है। यह कदम हाल ही में 'ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान सिस्टम के शानदार प्रदर्शन के बाद उठाया जा रहा है, जहां इसने पाकिस्तानी मिसाइलों, ड्रोनों और विमानों को सफलतापूर्वक नष्ट किया था। S-400 ट्रायंफ एयर डिफेंस स्क्वाड्रनों के अलावा, पहले से शामिल स्क्वाड्रनों के लिए बड़ी संख्या में मिसाइलों की खरीद भी इस बातचीत का मुख्य हिस्सा होगी।Su-57 बनाम F-35: भारत का फैसला अभी अधर में रूस भारत को अपने पांचवीं पीढ़ी के लड़ाकू विमान Sukhoi-57 की दो से तीन स्क्वाड्रन बेचने की कोशिश कर रहा है...
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