नई दिल्ली, जनवरी 14 -- मुंबई। रुपया बुधवार को शुरुआती बढ़त गंवाता हुआ छह पैसे टूटकर अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 90.29 (अस्थायी) पर बंद हुआ। डॉलर में मजबूती, विदेशी पूंजी की निकासी और घरेलू बाजारों में गिरावट के कारण केंद्रीय बैंक के संभावित हस्तक्षेप का प्रभावी असर नहीं रहा। विदेशी मुद्रा कारोबारियों ने बताया कि वैश्विक बाजारों में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति और भू-राजनीतिक तनाव के कारण रुपये के नकारात्मक रुख के साथ कारोबार करने के आसार हैं। हालांकि मुद्रास्फीति में नरमी के बीच ब्याज दर में कटौती की कम होती संभावना एवं केंद्रीय बैंक द्वारा किसी भी हस्तक्षेप से रुपये को निचले स्तर पर समर्थन मिल सकता है। अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया, 90.26 प्रति डॉलर पर खुला। कारोबार के दौरान डॉलर के मुकाबले 90.30 के निचले और 89.94 के उच्च स्तर ...