बांदा, फरवरी 21 -- बांदा। संवाददाता इंसान से हैवान बना जेई रामभवन ने दूर के रिश्तेदारों से लेकर विभागीय साइटों पर काम करने वाले मजदूरों के बच्चों तक को भी नहीं छोड़ा था। ज्यादातर बच्चों को उसने अपने किराए के कमरे में ही बुलाकर यौन शोषण का शिकार बनाया। घर में दूध पहुंचाने वाले बच्चे के साथ भी उसने घिनौना कृत्य किया। जेई मजदूरों के बच्चों को पहले बहाने से घर बुलाता था। उसके बाद प्यार-दुलार और प्रलोभन देकर घिनौना कृत्य करता था। जेई ने खुद के पास रहने वाले एक रिश्तेदार के बच्चे के जरिए पड़ोस में रहने वाले कई मासूमों को अपने जाल में फंसाया था। सिंचाई विभाग में तैनात जेई रामभवन और पत्नी दुर्गावती ने साजिश के तहत आठ से 16 वर्ष तक के बच्चों को अपने यौन शोषण का शिकार बनाया। वह जानते थे कि बच्चे दहशत व डर तथा लालच के कारण कहीं बाहर इस घिनौने कृत्य क...