लखनऊ, जुलाई 12 -- केजीएमयू फार्माकोलॉजी विभाग के निलंबित निर्वतमान अध्यक्ष डॉ. आमोद कुमार सचान को बर्खास्त (पदच्युत) कर दिया गया है। यह कार्रवाई प्राइवेट प्रैक्टिस, निजी संस्था से लाभ कमाने और विभिन्न संस्था के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर का हिस्सा होने के आरोप में की गई है। डॉ. सचान तीन दिन बाद 15 जुलाई को सेवानिवृत्त होने वाले हैं। तीन दिन पहले सेवा से बेदखल कर दिया गया। केजीएमयू कार्यपरिषद की बैठक में संक्षिप्त चर्चा के बाद बर्खास्तगी की मुहर लगाई गई। डॉ. सचान केजीएमयू के पहले डॉक्टर हैं जिन्हें निजी प्रैक्टिस के आरोप में सेवामुक्त किया गया है। कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद के कार्यकाल में कई डॉक्टरों पर प्राइवेट प्रैक्टिस के आरोप लगे हैं। करीब डेढ़ साल से जांच ही चल रही है। कुलपति डॉ. सोनिया नित्यानंद की अध्यक्षता में हुई कार्यपरिषद बैठक में बर्...
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