नई दिल्ली, जून 18 -- राजस्थान की राजनीति में बुधवार को एक बड़ा मोड़ तब आया, जब जयपुर की जिला अदालत ने करीब 11 साल पुराने एक मामले में कांग्रेस के दो विधायकों समेत 9 लोगों को एक-एक साल की सजा सुना दी। लेकिन इस सजा के साथ ही अब एक नया सस्पेंस खड़ा हो गया है-क्या इससे इन नेताओं की सियासी जमीन डगमगाएगी या वे पहले की तरह ही सत्ता की गाड़ी पर सवार रहेंगे? यह मामला 13 अगस्त 2014 का है। राजस्थान यूनिवर्सिटी के मुख्य गेट के बाहर जेएलएन मार्ग पर कांग्रेस नेताओं ने प्रदर्शन करते हुए करीब 20 मिनट तक रास्ता जाम कर दिया था। उस वक्त ये आंदोलन सत्ताधारी भाजपा सरकार के खिलाफ छात्रों और युवाओं के मुद्दों को लेकर था। मगर अब, 11 साल बाद, इस आंदोलन की गूंज अदालत तक पहुंची है। कोर्ट का फैसला मंगलवार को सुनवाई के दौरान कोर्ट ने लाडनूं विधायक मुकेश भाकर, शाहपुरा...
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