विकासनगर, जनवरी 10 -- उक्रांद के केंद्रीय अध्यक्ष सुरेंद्र कुकरेती ने कहा है कि हजारों गांव खाली हो चुके हैं, इससे न केवल परिवार विघटित हो रहे हैं, बल्कि कृषि व्यवस्था कमजोर हो रही है और हमारी लोक-संस्कृति व परंपराएं विलुप्ति की कगार पर पहुंच रही हैं। यह मौन पलायन एक गंभीर सामाजिक त्रासदी है, जिसे अब तक किसी भी सरकार ने ईमानदारी से नहीं लिया। यह बात उन्होंने शनिवार को उक्रांद के डाकपत्थर रोड स्थित कार्यालय में एक दिवसीय जिला अधिवेशन में कही। अधिवेशन के प्रथम सत्र में प्रदेश की राजनैतिक दशा और दिशा पर मंथन किया गया।
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