लखनऊ, दिसम्बर 11 -- प्रदेश के 17 जिलों के 25 गांवों में सालों से चल रही चकबंदी प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। दो गांवों में तो 58 व 53 वर्षों से चल रही चकबंदी प्रक्रिया भी पूरी की गई है। चकबंदी आयुक्त डा. हृषिकेश भास्कर याशोद ने गुरुवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 17 जिलों बस्ती, संतकबीरनगर, देवरिया, कानपुर नगर, प्रयागराज, उन्नाव, मऊ, आजमगढ़, लखीमपुरखीरी, कन्नौज, प्रतापगढ़, फतेहपुर, बरेली, मिर्जापुर, सीतापुर, सुल्तानपुर और सोनभद्र के 25 गांवों की चकबंदी प्रक्रिया पूरी कराते हुए स्वीकृति दे दी गई है। आजमगढ़ के गांव उबारपुर व लखमीपुर में 30 दिसंबर 1967 को चकबंदी प्रक्रिया गजट की गई थी, लेकिन अभिलेख गायब होने से प्राथमिकी दर्ज करायी गई थी। इससे 58 सालों से चकबंदी प्रक्रिया लटकी थी। ग्राम गहजी आजमगढ़ में 8 मई 1972 को चकबंदी प्रक्रिया गजट की ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.