प्रयागराज, फरवरी 7 -- इलाहाबाद नागरिक समाज संस्था की ओर से यूजीसी के नए नियमों की बहाली की मांग को लेकर शनिवार को सिविल लाइंस में पत्थर गिरजा के पास धरना स्थल पर प्रतिरोध सभा का आयोजन किया गया। लोगों ने शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपने अधिकारों के समर्थन में आवाज बुलंद की। वक्ताओं ने कहा कि यूजीसी के नए नियम की बहाली तक आंदोलन जारी रहेगा और इसे राष्ट्रव्यापी रूप दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम किसी सरकार की कृपा नहीं, बल्कि रोहित वेमुला, डॉ. पायल तांडवी, दर्शन सोलंकी, मुथुकृष्णन, फातिमा लतीफ सहित हजारों छात्रों के संघर्ष, शहादत और न्यायालय के निर्देशों के बाद अस्तित्व में आया है। इस अवसर पर प्रो. विक्रम, निधि, आलोक अम्बेडकर, डॉ. आशीष मित्तल, नसीम अंसारी, अधिवक्ता धीरेंद्र यादव, अन्नू सिंह, अविनाश मिश्रा, डॉ आरके वर्मा, प्रो....
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.