गया, फरवरी 6 -- आमस कृषि विज्ञान केंद्र में ग्रामीण युवक-युवतियों को मशरूम उत्पादन तकनीक विषय पर पांच दिवसीय प्रशिक्षण शुक्रवार को समाप्त हो गया। इसमें आमस, बांकेबाजार, शेरघाटी, मोहनपुर व बाराचट्टी ब्लॉक के 25 युवक-युवतियों ने भाग लिया। केंद्र के पादप रोग वैज्ञानिक डॉ. पंकज तिवारी ने कहा कि मशरूम उत्पादन ऐसा व्यवसाय है, जिसे भूमिहीन युवा भी आसानी से कर सकते हैं। इसके लिए कृषि भूमि की आवश्यकता नहीं होती है। इन्होंने मशरूम उत्पादन तकनीक के बारे में युवक युवतियों को विस्तार से जानकारी दी। कहा जिले में मशरूम की खेती तेजी से लोकप्रिय होती जा रही है और इसके लिए बाजार की भी अच्छी उपलब्धता है। मशरूम में उच्च गुणवत्ता का प्रोटीन पाया जाता है जो स्वास्थ्य के लिए अत्यंत लाभकारी है। इसके अलावा कंपोस्ट बनाने की विधि, केसिंग मिश्रण, जैविक व अजैविक प्रक...