पटना, दिसम्बर 16 -- पटना हाईकोर्ट ने राज्य में यातायात चालान विवाद के मामलों को लोक अदालतों से नहीं कराये जाने पर बिहार लीगल सर्विस ऑथोरिटी (बालसा) और राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब-तलब किया है। कोर्ट ने जानना चाहा कि अन्य राज्यों की तरह बिहार में ट्रैफिक चालान का मुद्दा लोक अदालतों और विशेष लोक अदालतों में क्यों नहीं भेजा जाता। मंगलवार को कार्यकारी मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति सुधीर सिंह और न्यायमूर्ति आलोक कुमार पांडेय की खंडपीठ ने रानी तिवारी की ओर से दायर लोकहित याचिका पर सुनवाई की। आवेदिका की ओर से अधिवक्ता विकाश पंकज ने कोर्ट को बताया कि राज्य में बेहताशा कट रहे ट्रैफिक चालान से आमजन काफी परेशान हैं। कई लोगों का एक दिन में एक ही कारण से कई चालान काटे गए हैं। सरकार की ओर से शहर में कुछ ही जगह पार्किंग के लिए चिह्नित किया गया है, जह...