नई दिल्ली, जनवरी 1 -- भारत-पाकिस्तान संबंधों को लेकर अमेरिका के बाद अब चीन के दावों ने नया हंगामा खड़ा कर दिया है। एआईएमआईएम पार्टी के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने चीन के विदेश मंत्री की तरफ से किए गए मध्यस्थता के दावों की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि किसी भी देश के साथ संबंधों को सामान्य करने के लिए भारत की संप्रभुता के साथ समझौता नहीं किया जा सकता। इतना ही नहीं उन्होंने केंद्र सरकार से भी सवाल पूछा कि क्या प्रधानमंत्री की चीन यात्रा के दौरान इस बात पर भी सहमति बनी थी? सोशल मीडिया साइट एक्स पर अपनी बात रखते हुए हैदराबाद सांसद ने सरकार से इस बयान का आधिकारिक तौर पर खंडन करने की मांग की। उन्होंने कहा, "अमेरिकी राष्ट्रपति ने हमारे घोषित करने से पहले ही युद्ध विराम की घोषणा कर दी और यह दावा किया कि उन्होंने व्यापार प्रतिबंधों के जरिए शांति सुन...
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