सीवान, फरवरी 5 -- सीवान, हिन्दुस्तान संवाददाता। माघ माह के बाद फाल्गुन माह में भी ठंड कम होने का नाम नहीं ले रही। विशेषकर सुबह-शाम के बाद रात बढ़ने के साथ ठंड बढ़ती जा रही है। फाल्गुन मास शुरू होने के साथ पछुआ हवा चलने से ठंड में कनकनी बढ़ गई है। शहरी क्षेत्र से इतर ग्रामीण इलाके में सुबह में कोहरा छाया रह रहा है। इसका असर खेती-किसानी पर पड़ रहा है। लगातार धूप नहीं निकलने व खेतों में नमी कम नहीं होने से फसलों में प्रकाश संश्लेषण यानि कि फोटोसिंथेसिस की प्रक्रिया धीमी हो गई है। इससे पौधों की बढ़वार प्रभावित हो रही है। बताते हैं कि इस मौसम का सीधा असर आलू, मटर, गोभी व सरसों जैसी रबी फसलों पर पड़ रहा है। खेत नमी अधिक रहने व तापमान कम होने से इन फसलों में झुलसा रोग व फफूंद जनित बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। बताया जा रहा कि लंबे समय तक पत्तियो...