कुशीनगर, जनवरी 29 -- कुशीनगर। जनपद मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज से हर दिन निकल रहा हजारों लीटर गंदा पानी आबादी के बीच दूसरों की जमीन में गिर रहा है। इस जलभराव और दूषित पानी की सड़कों पर बहने तथा दुर्गंध के चलते आस-पास के लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मेडिकल कॉलेज प्रशासन की इस लापरवाही की वजह से लोग बीमारियों की आशंका से चिंतित हैं। करोड़ों रुपये खर्च करके कार्यदायी संस्थाओं ने जनपद मुख्यालय पर पहले जिला अस्पताल, फिर एमसीएच विंग और उसके बाद मेडिकल कॉलेज का निर्माण कराया, लेकिन पूरे अस्पताल का गंदा पानी निकालने का कोई ठोस इंतजाम नहीं किया। इसका नतीजा है कि अस्पताल के शौचालय, लैब और डायलिसिस यूनिट से निकलने वाले गंदे और केमिकलयुक्त दूषित पानी को अस्पताल प्रशासन अपनी हद से बाहर दूसरों की जमीन में गिरा रहा है। पूरी गंदगी एल-2 के ...
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