नई दिल्ली, दिसम्बर 20 -- Bangladesh violence: बांग्लादेश में एक हिंदू युवक की वीभत्स हत्या ने भारत में लोगों को गुस्से से भर दिया है। इसी बीच निर्वासित बांग्लादेशी लेखिका तस्लीमा नसरीन ने आरोप लगाया है कि इस्लामिक कट्टरपंथियों के हाथों बेरहमी से मारे गए दीपू चंद्र दास पर उसके साथ काम करने वाले एक मुस्लिम युवक ने ही झूठा आरोप लगाया था। इसके बाद उसे पुलिस हिरासत में ले जाया गया, जहां पर भीड़ ने उसे घेरकर मार डाला। सोशल मीडिया साइट एक्स पर बांग्लादेशी सरकार पर अपना गुस्सा निकालते हुए नसरीन ने कहा कि इस पूरे घटनाक्रम के दौरान केवल एक झूठा आरोप ही उसकी जान लेने का कारण बन गया। नसरीन ने दावा किया कि दीपू की हत्या पुलिस हिरासत में होने के बावजूद हुई। दीपू के हिरासत के समय के एक वीडियो को साझा करते हुए नसरीन ने लिखा, "दीपू चंद्र दास मयमनसिंह के भ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.