बिहारशरीफ, जून 30 -- मुसाढ़ी : टूटे तटबंध पर बालू भरे बोरे रख छोड़ दिया, नहीं की मिट्टी की भराई नहीं मरम्मत के नाम पर खानापूर्ति के कारण दो साल से बाढ़ की मार झेल रहे किसान पिछले साल दो बार तो इस बार अबतक एक बार मकरौता के किसान जूझ चुके हैं बाढ़ से फोटो तटबंध : करायपरसुराय के मुसाढ़ी के पास बालू भरे बोरे से की गयी तटबंध की मरम्मत। करायपरसुराय, निज संवाददाता। प्रखंड के पश्चिमी इलाके से होकर गुजरने वाली लोकाइन नदी का तटबंध पिछले साल मुसाढ़ी, फतेहपुर और फतेहपुर पैक्स गोदाम के पास टूट गये थे। आसपास के दर्जनभर गांवों के खेत-खंधे जलमग्न हो गये थे। लहलहाती धान की फसलें डूब गयी थीं। किसानों को लाखों का नुकसान उठाना पड़ता था। हद तो यह कि मुसाढ़ी, फतेहपुर, कमरथू, खोखना, सबचक, सदरपुर आदि गांवों के घरों में बाढ़ का पानी घुस गया था। उस वक्त टूटे तटबंध...
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