हरिद्वार, दिसम्बर 22 -- मां गंगा की पावन महिमा अब विदेशों तक गूंज रही है। उत्तराखंड के हरिद्वार श्रीगंगा सभा के महामंत्री तन्मय वशिष्ठ ने जर्मनी के फ्रैंकफर्ट स्थित संसद भवन में मां गंगा के महत्व पर व्याख्यान देकर इतिहास रच दिया। वे फ्रैंकफर्ट की संसद को संबोधित करने वाले पहले भारतीय बने। बीते शनिवार को फ्रैंकफर्ट में आयोजित अंतरराष्ट्रीय जल और जीवन सम्मेलन में तन्मय वशिष्ठ को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि मां गंगा केवल हरिद्वार ही नहीं, बल्कि पूरे भारत की संस्कृति और सभ्यता की जीवनरेखा हैं। उन्होंने हरकी पैड़ी से जुड़ी ऐतिहासिक और पौराणिक मान्यताओं को भी साझा किया। तन्मय ने अपने भाषण में फ्रैंकफर्ट के मेंबर ऑफ सिटी पार्लियामेंट राहुल कुमार सहित सभी आयोजकों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि विदे...
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