बागपत, फरवरी 18 -- लड्डू निर्वाण महोत्सव के दौरान हुए मान स्तंभ हादसे के बाद पुलिस द्वारा जेल भेजे गए ठेकेदार के परिजन आक्रोशित हो चले है। सोमवार को वे एसपी से मिले और जैन समाज व पुलिस पर श्रमिक को ठेकेदार बताकर जेल भेजे जाने का आरोप लगाया। पीड़ित परिवार ने एसपी से मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। जेल भेजे गए युवक वसीम की पत्नी शहजान ने एसपी को बताया कि उसका पति एक साधारण मजदूर है, जो रोज की मजदूरी से परिवार का पालन-पोषण करता है। उन्होंने आरोप लगाया कि जैन समाज के दो लोगों ने मान स्तंभ पर मचान बनाने का ठेका लिया था।उन्हें 8-10 मजदूरों की जरूरत थी, जिसके लिए वसीम नहर के पुल के पास से 6-7 मजदूरों को लेकर गया था। शहजान का कहना है कि उनका पति कभी ठेकेदार नहीं रहा है और असली ठेकेदार ने अपने बचाव के लिए साजिश के तहत वसीम को फंसा दिया...
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