छपरा, जनवरी 30 -- छपरा। श्री जीयर स्वामी जी महाराज ने कुतुबपुर में शुक्रवार को आयोजित प्रवचन में कहा कि हरि कृपा से मानव योनि मिलता है। इसे व्यर्थ में बर्बाद नहीं करना चाहिए। जितना हो सके, संसार से मोह माया त्याग पर हरि के भजन में अपना समय लगाना चाहिए। संसार में रहते हुए अपने और अपने परिवार के पालन पोषण में भी समय देना चाहिए यह भी अनिवार्य है। संसार का नियम है लेकिन ईश्वर की भक्ति भी इसी नियम के अंतर्गत आता है।श्री जीयर स्वामी जी महाराज ने कहा कि भगवान के भक्तों का अपमान नहीं करना चाहिए। इससे समस्त कुल का नाश हो जाता है क्योंकि भगवान अपना अपमान सह लेते हैं लेकिन भक्तों का अपमान सहन नहीं करते हैं। वैसे तो किसी का भी अपमान नहीं करना चाहिए। किसी का भला नहीं कर पाए तो बुरा भी नहीं करना चाहिए। जहां तक हो सके सबसे आदर पूर्वक बात करनी चाहिए। संत...