भभुआ, मई 19 -- पहाड़ी क्षेत्रों में बकरा-बकरी, मुर्गा-मुर्गी की बली देने की है परंपरा वनवासी मां काली, डीह, डीहवार बाबा व धरती मां की करते हैं पूजा (पेज चार) अधौरा, एक संवाददाता। प्रखंड क्षेत्र के किसान मां काली की पूजा व बली प्रथा को पूरी कर खरीफ मौसम की खेती की शुरुआत करेंगे। इसके लिए बैगा व गवहां द्वारा ग्रामीणों से चंदा वसूली का काम किया जा रहा है। राशि का इंतजाम होते ही पूजा की तिथि तय कर दी जाती है। अधौरा की यह परंपरा पुरानी है। इस पूजा में महिला, पुरुष, बच्चे, युवक-युवतियां भाग लेती हैं। चह मां काली, डीह, डीहवार बाबा व धरती माता की सोल्लासपूर्ण पूजा-अर्चना करते हैं। जयकारा गांव-जवार तक पहुंचता है। ग्रामीणों सुरेश यादव व रामचंद्र खरवार ने बताया कि पूजा के दौरान किसान अच्छी खेती, बंपर उपज, रोग-दु:ख दूर करने, समय पर बारिश होने की कामना...
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