आजमगढ़, दिसम्बर 26 -- आजमगढ़। आजमगढ़ महोत्सव के दूसरे दिन गुरुवार को सुबह राजकीय पॉलीटेक्निक मैदान में योग मंच के योग साधकों ने योगाभ्यास किया। उन्होंने कहा कि आजमगढ़ ऋषि-मुनियों की धरती रही है। योग हमारी ऋषि परंपरा की अमूल्य विरासत है। इस विरासत को आम जन मानस तक पहुंचाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। आजमगढ़ महोत्सव के अवसर पर जिले में योग के प्रति जागरूकता फैलाने का यह अभियान उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। योग प्रशिक्षक देवविजय यादव ने कहा कि योग जीवन में खुशियां लाता है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...