नई दिल्ली, अप्रैल 15 -- महंगाई के मोर्चे पर बड़ी राहत मिली है। भारत की थोक मुद्रास्फीति फरवरी में 2.38% से घटकर मार्च में 2.05% हो गई। यह चार महीने के निचले स्तर पर आ गई है। मंगलवार को जारी सरकारी आंकड़ों से पता चला कि थोक मुद्रास्फीति जनवरी में 2.38 प्रतिशत की तुलना में सालाना आधार पर मार्च में घटकर 2.05 प्रतिशत रह गई। यह रॉयटर्स पोल में अर्थशास्त्रियों द्वारा लगाए गए 2.5% के अनुमान से कम है। थोक खाद्य मुद्रास्फीति पिछले महीने फरवरी में 5.94 प्रतिशत से घटकर 4.66 प्रतिशत रह गई। मार्च में प्राथमिक वस्तुओं की मुद्रास्फीति फरवरी में 2.81 प्रतिशत से घटकर 0.76 प्रतिशत रह गई। ईंधन और बिजली की थोक कीमतें फरवरी में 0.71 की गिरावट की तुलना में मार्च में 0.20 प्रतिशत रहीं। थोक मूल्य सूचकांक यानी डब्ल्यूपीआई में लगभग 64% हिस्सा रखने वाले मैन्युफैक्च...
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