जौनपुर, जुलाई 7 -- जौनपुर, संवाददाता। परिषदीय विद्यालयों के विलय के खिलाफ शिक्षक संगठन अटेवा ने मोर्चा खोल दिया है। मछलीशहर विधायक डॉ. रागिनी सोनकर को ज्ञापन सौंपा। संगठन ने सरकार के इस फैसले को शिक्षा के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करार दिया। अटेवा के पदाधिकारियों ने ज्ञापन के माध्यम से कहा कि परिषदीय विद्यालयों का विलय ग्रामीण शिक्षा विशेषकर बालिका शिक्षा के लिए घातक सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि एक ओर सरकार 'बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ' का नारा देती है, वहीं दूसरी ओर ग्रामीण विद्यालयों को बंद करके छात्राओं को शिक्षा से वंचित करने का कार्य कर रही है। ज्ञापन में यह भी बताया गया कि आज भी कई बालिकाएं सुरक्षा कारणों से दूरस्थ विद्यालयों में नहीं जा पातीं, ऐसे में निकटवर्ती प्राथमिक विद्यालयों को विलय करना उनके भविष्य को अंधकार में ढकेलने जैसा है। यदि ...
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