मिर्जापुर, फरवरी 16 -- पटेहरा। विकास खंड के पटेहरा कला में भागवत कथा के तीसरे दिन मनु तथा सती प्रसंग की कथा सुन श्रोता भाव विभोर हो गए। कथावाचक पंडित अवधेश नारायण दुबे ने मनु वंश तथा सती प्रसंग व भरत की कथा सुनाई। कथा वाचक ने बताया कि मनु को मनुस्मृति का रचईता माना जाता है, मनु वंश से ही भारत के अनेक प्रसिद्ध राजवंश उत्पन्न हुए। रामायण और महाभारत जैसे महाकाव्य भी इन्ही वंशो से जुड़ा हैं। कथा के अगले भाग में सती की व्यख्या करते हुए बताया कि सती राजा दक्ष प्रजापति की पुत्री और भगवान शिव की पत्नी थीं। सती ने अपने पिता की इच्छा के विरुद्ध शिव से विवाह किया था, क्योंकि दक्ष शिव को तपस्वी और विरक्त मानकर पसंद नहीं करते थे। एक बार दक्ष प्रजापति ने एक भव्य यज्ञ का आयोजन किया। उन्होंने सभी देवताओं को आमंत्रित किया, लेकिन जानबूझकर शिव और सती को निम...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.